Skip to content
Raath Samachar

Raath Samachar

Raath Samachar

Raath Samachar

  • राष्ट्रीय
  • उत्तराखंड
  • आंदोलन
  • खेल
  • पर्यटन
  • युवा जगत/ शिक्षा
  • राजनीति
  • हादसा
  • अपराध

  • राष्ट्रीय
  • उत्तराखंड
  • आंदोलन
  • खेल
  • पर्यटन
  • युवा जगत/ शिक्षा
  • राजनीति
  • हादसा
  • अपराध
Breaking News
  • सूचना विभाग द्वारा प्रकाशित नववर्ष 2026 के कैलेंडर का किया विमोचन
  • दून व रूद्रपुर मेडिकल कॉलेज को मिले एक दर्जन विशेषज्ञ चिकित्सक
  • स्वामी जी के आदर्शो पर चलने का संकल्प लिया
  • मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वदेशी संकल्प दौड़ का किया शुभारंभ
  • दिल्ली एनसीआर में कठूली वार्षिकोत्सव की धूम
  • अब घर बैठे मोबाइल या इंटरनेट के माध्यम से मिलेंगी सत्यापित खतौनी
  • अंकिता भंडारी प्रकरण में CBI जांच की संस्तुति
  • सुन्दरलाल बहुगुणा की जयंती पर उनके चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए
  • जनसेवा की पहल रंग लायी, पीपली में सुलझीं ग्रामीणों की समस्याएं
उत्तराखंडराष्ट्रीय

गणतंत्र दिवस परेड में उत्तराखंड की झांकी प्रथम

Raath Samachar
January 30, 20230

कर्तव्य पथ पर पहली बार गणतंत्र दिवस परेड में उत्तराखंड की झांकी ने प्रथम स्थान पाकर बनाया इतिहास

गणतंत्र दिवस परेड को अभी तक राजपथ के नाम से जाना जाता था, किंतु इस वर्ष उसका नाम बदलकर कर्तव्य पथ रखा गया है। नाम बदलने के बाद कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस की यह। पहली परेड थी, जिसमे उत्तराखंड की झांकी मानसखंड को देश मे प्रथम स्थान मिलने से इतिहास में उत्तराखंड राज्य का नाम दर्ज हो गया है।

सीएम ने दी बधाई, हम सभी के लिए गौरव का पल

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस उपलब्धि के लिए प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि हम सबके लिए गौरवशाली पल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुराणों में गढ़वाल का केदारखंड और कुमाऊं का मानसखंड के रूप में वर्णन किया गया है। स्कंदपुराण में मानसखंड के बारे में बताया गया है। जागेश्वर मंदिर की बहुत धार्मिक मान्यता है।

प्रधानमंत्री जी ने हमेशा अपनी सांस्कृतिक विरासत पर गर्व करने की बात कही है। प्रधानमन्त्री जी के नेतृत्व में सांस्कृतिक नवजागरण में उत्तराखंड सरकार भी काम कर रही है। मानसखंड मंदिर माला मिशन योजना भी इसी दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। “मानसखण्ड” मंदिर माला मिशन के तहत चार धाम की तर्ज पर कुमाऊं क्षेत्र के पौराणिक मंदिरों को भी विकसित किया जा रहा है।
…………………………………..
झांकी का विषय मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने सुझाया था l

भारत सरकार को भेजे गए झांकी का विषय/टाइटिल “मानसखंड”मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सुझाया था। उन्होंने मंदिर माला मिशन के अंतर्गत मानसखंड के रूप में इस विषय का सुझाव दिया था।

………………………………………..
गणतंत्र दिवस से पहले मुख्यमंत्री ने दिल्ली जाकर खुद किया था झांकी का निरीक्षण

झांकी निर्माण की गंभीरता का अंदाजा इस बात से भी लगाया जा सकता है कि जब दिल्ली कैंट में झांकी का निर्माण किया जा रहा था तो मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने झांकी का निरीक्षण करते हुए झांकी को उत्कृष्ट एवं राज्य की संस्कृति के अनुरुप निर्माण के लिये सूचना विभाग के संयुक्त निदेशक/ नोडल अधिकारी के एस चौहान को निर्देश दिए थे तथा झांकी के कलाकारों से मिलकर उनको शुभकामनाएं भी दी थीl
__________

दिन रात की जाती है कलाकारों द्वारा मेहनत

झांकी के निर्माण तथा झांकी में सम्मिलित कलाकार दिन रात मेहनत करते है। झांकी निर्माण का कार्य 31 दिसंबर को प्रारंभ किया गया था, जिसको सुबह 4 बजे से रात 12 बजे तक किया जाता है। साथ ही झांकी में सम्मिलित कलाकारों को टीम लीडर के साथ कड़ाके की सर्दी में कर्तव्य पथ रिहर्सल के लिए 4 बजे जाना पड़ता है।

……………………………………
ऐसे होता है झांकी का अंतिम चयन

सितंबर माह में भारत सरकार द्वारा सभी राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों एवं मंत्रालयों से प्रस्ताव मांगे जाते हैं।अक्टूबर तक राज्य सरकारें विषय का चयन कर प्रस्ताव भारत सरकार को भेजती है।उसके बाद भारत सरकार प्रस्तुतिकरण के किये आमंत्रित करती है। पहले बार की मीटिंग में विषय के आधार चार्ट पेपर में डिजाइन तैयार कर प्रस्तुत करना होता है। आवश्यक संशोधन करते हुए तीन बैठके डिजाइन निर्माण के सन्दर्भ में होती है जिन प्रदेशों के डिजाइन कमेटी को सही नही लगते हैं उनको शार्टलिस्ट कर देती है। उसके बाद झांकी का मॉडल बनाया जाता है। मॉडल के बाद थीम सॉंग 50 सेकंड का जो उस प्रदेश की संस्कृति को प्रदर्शित करता हो तैयार किया जाता है। इस प्रकार जब सभी स्तर से भारत सरकार की विशेषज्ञ समिति संतुष्ट हो जाती है तब झांकी का अंतिम चयन किया जाता है।

………………………………..
मानसखंड की झांकी में क्या था खास जो प्रथम स्थान प्राप्त किया!

गढ़वाल की चारधाम यात्रा की भांति सरकार कुमाऊं में मंदिर माला मिशन के अंतर्गत पर्यटन बढ़ाने का प्रयास कर रही हैं इसी के दृष्टिगत प्रसिद्ध पौराणिक जागेश्वर धाम को दिखाया गया था। उत्तराखंड का प्रसिद्ध कॉर्बेट नेशनल पार्क, बारहसिंगा, उत्तराखंड का राज्य पशु कस्तूरी मृग, गोरल, देश की राष्ट्रीय पक्षी मोर जो उधमसिंह नगर में पाई जाती है, उत्तराखंड के प्रसिद्ध पक्षी घुघुती, तीतर, चकोर, मोनाल आदि, तथा उत्तराखंड की प्रसिद्ध ऐपन कला को प्रदर्शित किया गया था। झांकी के आगे और पीछे उत्तराखंड का नाम भी ऐपन कला से लिखा गया था।
जागेश्वर धाम के मंदिर घनघोर देवदार के वृक्षों के बीच में है। इसलिए झांकी में मंदिर के आगे और पीछे घनघोर देवदार के वृक्षो का सीन तैयार किया गया था।

……………………………….
2025 तक उत्तराखंड देश का सर्वोच्च राज्य

प्रधानमंत्री जी ने कहा कि यह दशक उत्तराखंड का है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 2025 तक उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने का लक्ष्य रखा है। इसी दृष्टि से गणतंत्र दिवस परेड में उत्तराखंड की झांकी को देश मे प्रथम स्थान पर आना उनके विजन को दर्शाता है।

………………………….

मंदिर माला मिशन से वाकिफ होंगे देश विदेश के पर्यटक,क्षेत्र में बढ़ेंगे रोजगार के अवसर

मानसखंड खंड की झांकी को देश मे प्रथम स्थान प्राप्त होने से कुमाऊं क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे क्योंकि देश विदेश के पर्यटको को मंदिर माला मिशन की जानकारी होने से वह कुमाऊं की ओर रुख करेंगे। इसलिए गढ़वाल मंडल के साथ अब कुमाऊं मंडल में भी धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
……………………………………….
झांकी में इन कलाकारों ने निभाई थी अहम भूमिका

टीम लीडर संयुक निदेशक के एस चौहान के नेतृत्व में झांकी में उत्तराखंड की कला और संस्कृति को प्रदर्शित करने के लिए उत्तराखंड का प्रसिद्ध छोलिया नृत्य करने में पिथौरागढ़ के भीम राम के दल के 16 कलाकारों का उत्कृष्ट प्रदर्शन रहा। उत्तराखंड को देवभूमि के साथ ही योग भूमि भी कहा जाता है। झांकी के ऊपर योग करते हुए बारु सिंह और अनिल सिंह ने योग करते हुए अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

……………………………….
झांकी का थीम सांग

झांकी का थीम सांग “जय हो कुमाऊं, जय हो गड़वाला” को पिथौरागढ़ के प्रसिद्ध जनकवि जनार्दन उप्रेती ने लिखा था तथा उसको सौरभ मैठाणी और साथियों ने सुर दिया था। इस थीम गीत के निर्माता पहाड़ी दगड़िया, देहरादून थे।

………………………………………
सोसल मीडिया में करोड़ो लोगों ने देखी उत्तराखंड की झांकी

सोसल मीडिया के माध्यम से गणतंत्र दिवस परेड में उत्तराखंड की झांकी मानसखंड को देश विदेश में करोड़ो लोगों ने देखा।

क्या है मानसखंड मन्दिर माला मिशन?

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल पर श्री केदारनाथ और श्री बद्रीनाथ की भांति ही कुमाऊं के प्रमुख पौराणिक महत्व के मंदिर क्षेत्रो में अवस्थापनात्मक विकास के लिए मानसखंड मन्दिर माला मिशन योजना पर काम किया जा रहा है। इन्हें बेहतर सड़कों से जोड़ा जाएगा। इसके साथ ही इस योजना के ज़रिए गढ़वाल और कुमाऊं के बीच सड़क कनेक्टिविटी को भी सुधारा जाएगा, ताकि उत्तराखण्ड में गढ़वाल और कुमाऊं के बीच यातायात सुगम हो।

मानसखंड कॉरिडोर को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का कहना है कि सरकार विभिन्न क्षेत्रों में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मानसखंड कॉरिडोर पर काम कर रही है। सरकार का प्रयास है कि विभिन्न धार्मिक सर्किटों का विकास किया जाए। उन्होंने कहा इसके तहत प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में आने वाले मुख्य मंदिरों को आपस में जोड़ेंगे एवं सर्किट के रूप में विकसित करके धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा।

इन प्रमुख मंदिरों का होगा विकास

मुख्यमंत्री धामी के विजन के अनुसार पहले चरण में क़रीब 2 दर्जन से अधिक मंदिरों को इसमें शामिल किया गया है। इनमें जागेश्वर महादेव, चितई गोलज्यू मंदिर, सूर्यदेव मंदिर, नंदादेवी मंदिर कसारदेवी मंदिर, झांकर सैम मंदिर पाताल भुवनेश्वर, हाटकालिका मंदिर, मोस्टमाणु मंदिर, बेरीनाग मंदिर, मलेनाथ मंदिर, थालकेदार मंदिर, बागनाथ महादेव, बैजनाथ मंदिर, कोट भ्रामरी मंदिर, पाताल रुद्रेश्वर गुफा, गोल्ज्यू मंदिर, निकट गोरलचौड मैदान, पूर्णागिरी मंदिर, वारही देवी मंदिर देवीधुरा, रीठा मीठा साहिब, नैनादेवी मंदिर, गर्जियादेवी मंदिर, कैंचीधाम, चैती (बाल सुंदरी) मंदिर, अटरिया देवी मंदिर व नानकमत्ता साहिब प्रमुख रूप से शामिल किए गए हैं।

Previous Post

ऋषिपर्णा सभागार में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित

Next Post

‘ए पाथवे फ्रॉम हाइजीन टू वेलनेस’ लॉन्च

Related Articles

उत्तराखंड

आज हम दुनिया में पांचवी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था: त्रिवेंद्र

उत्तराखंड

राज्य स्थापना दिवस की 25वीं वर्षगांठ पर “अफसर बिटिया” कार्यक्रम का आयोजन

उत्तराखंडपर्यटन

श्री सिद्धपीठ कोटेश्वर पर्यटन विकास मेला-2023 समापन समारोह

Sliderउत्तराखंड

हरिद्वार से अयोध्या आस्था स्पेशल ट्रेन, सीएम ने किया फ्लैग ऑफ

राष्ट्रीय

गृहमंत्री करेंगे 670 एमपैक्सों के कम्प्युटरीकरण का शुभारम्भः डा धन सिंह रावत

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

https://raathsamachar.com/wp-content/uploads/2025/11/Video-60-sec-UKRajat-jayanti.mp4

Recent Posts

  • सूचना विभाग द्वारा प्रकाशित नववर्ष 2026 के कैलेंडर का किया विमोचन January 12, 2026
  • दून व रूद्रपुर मेडिकल कॉलेज को मिले एक दर्जन विशेषज्ञ चिकित्सक January 12, 2026
  • स्वामी जी के आदर्शो पर चलने का संकल्प लिया January 12, 2026
  • मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वदेशी संकल्प दौड़ का किया शुभारंभ January 12, 2026
  • दिल्ली एनसीआर में कठूली वार्षिकोत्सव की धूम January 12, 2026
  • अब घर बैठे मोबाइल या इंटरनेट के माध्यम से मिलेंगी सत्यापित खतौनी January 11, 2026
  • अंकिता भंडारी प्रकरण में CBI जांच की संस्तुति January 10, 2026
  • सुन्दरलाल बहुगुणा की जयंती पर उनके चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए January 9, 2026
  • बहुउद्देशीय शिविर में 225 लोगों को मिला योजनाओं का लाभ January 8, 2026
  • जनसेवा की पहल रंग लायी, पीपली में सुलझीं ग्रामीणों की समस्याएं January 8, 2026
  • एग्रीस्टैक योजना से किसानों को मिलेगी यूनिक डिजिटल पहचान January 8, 2026
  • ITBP स्टेडियम सीमा द्वार, देहरादून में नींबू की खटाई January 7, 2026
  • समस्या का समाधान ही हमारी प्रथम प्राथमिकता-एसडीएम मेहरा January 7, 2026
  • मैन, मटिरियल व थर्ड पार्टी गुणवत्ता की तलब की रिपोर्ट; पर्ट चार्ट बनाने के निर्देश January 7, 2026
  • पुल्यासू में लगा बहुउद्देशीय शिविर January 6, 2026
  • मुख्यमंत्री के विज़न व जिलाधिकारी के प्रयासों से त्यूनी को आधुनिक लाइब्रेरी की सौगात January 6, 2026
  • भरण-पोषण अधिनियम के अंतर्गत वाद दायर कराने के निर्देश January 6, 2026
  • फरसाड़ी में लगा बहुउद्देशीय शिविर, 22 शिकायतें दर्ज January 5, 2026
  • SHA: सरकारी व निजी चिकित्सा संस्थानों में जागरूकता अभियान January 5, 2026
  • आपदा प्रबंधन की भौतिक प्रगति की समीक्षा के निर्देश January 4, 2026
  • ‘शब्दोत्सव’ कार्यक्रम के पंचम सत्र ‘धर्मरक्षक धामी’ में पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी January 4, 2026
  • वार्ड बॉय व पर्यावरण मित्र के 1046 पदों पर शीघ्र होगी भर्ती: डॉ धन सिंह रावत January 2, 2026
  • अल्ट्रासाउंड व सीटी स्कैन केंद्रों की सतत निगरानी पर जोर January 2, 2026
  • एमसीआर का फॉर्मेट पर भौतिक प्रगति रिपोर्ट ली जाए January 2, 2026
  • जन–जन की सरकार, जन–जन के द्वार कार्यक्रम के तहत कोटा में लगा शिविर January 2, 2026
  • बीरोंखाल व सतपुली में मजबूत हुई अल्ट्रासाउंड व्यवस्था January 2, 2026
  • जिलाधिकारी की पहल से बदली स्कूलों की तस्वीर January 1, 2026
  • 16 शिविरों में 3891 लोग पहुंचे, योजनाओं से 2141 को मिला लाभ January 1, 2026
  • उत्तराखंड परिवहन निगम के बेड़े में 100 नई बसें शामिल January 1, 2026
  • मुख्यमंत्री धामी ने ग्रहण की रेडक्रास की आजीवन सदस्यता January 1, 2026
  • स्वास्थ्य सेवाओं के लिये नई दिशा व संकल्पों का वर्ष होगा 2026 December 31, 2025
  • छात्रावासों में सुविधाओं को लेकर जिलाधिकारी का औचक निरीक्षण, सुधार के निर्देश December 31, 2025
  • 215 उपनिरीक्षकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किये December 31, 2025
  • मजदूरों को लाने-ले जाने वाली दो लोको ट्रेनों की आपस में टक्कर December 31, 2025
  • अधिकारियों ने सुनीं जनसमस्याएं, बहुउद्देश्यीय शिविरों में त्वरित समाधान December 30, 2025
  • डिजिटल अलर्ट सिस्टम सक्रियः अतिक्रमण पर मिलेगा तुरंत अलर्ट December 30, 2025
  • एनसीएपी की संचालन समिति की 6वीं बैठक सम्पन्न December 30, 2025
  • ओएनजीसी एवं एनजीओ के सहयोग से सकारात्मक, दूरगामी कदम December 29, 2025
  • डीएम ने दिलाया न्याय, सखी कैब से पहुंचाया गंतव्य तक, December 29, 2025
  • त्रिपुरा के छात्र की हत्या के मामले में सरकार सख्त December 28, 2025
  • अधिकारी अब फाइलों में नहीं, बल्कि मैदान में दिखाई देने चाहिए-सीएम धामी December 27, 2025
  • असहाय व्यथित; जनमन के अपने स्वास्थ्य मंदिरों को बेहतर सुविधायुक्त बनाना लक्ष्यः डीएम December 24, 2025
  • साहस और त्याग की मिसाल हैं गुरु गोविंद सिंह के साहिबजादे- रेखा आर्या December 24, 2025
  • डीएम ने परखी रेनबसेरों की व्यवस्था; नगर निगम को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश  December 23, 2025
  • 2047 का भारत आज के बच्चों के संकल्प से बनेगा – मुख्यमंत्री December 23, 2025
  • राजकीय मेडिकल कॉलेजों में 140 असिस्टेंट प्रोफेसरों को मिली तैनाती December 22, 2025
  • हर्षोल्लास के साथ मनाया गया राष्ट्रीय गणित दिवस December 22, 2025
  • अटल जी पर उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर संगोष्ठी एवं प्रदर्शनी का आयोजन December 22, 2025
  • मुख्यमंत्री ने अल्मोड़ा में किया सांसद खेल महोत्सव का शुभारंभ December 22, 2025
  • सीएम धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड की लोक संस्कृति को मिली वैश्विक पहचान December 21, 2025
  • विद्यालयों में सुनिश्चित हों मूलभूत सुविधाएं: डॉ धन सिंह रावत December 20, 2025
  • कृषि क्षेत्र में आत्मनिर्भर उत्तराखंड के संकल्प के साथ सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध December 20, 2025
  • मुख्य सचिव श्री आनन्द बर्द्धन ने सेतु आयोग के कार्यों की समीक्षा की December 20, 2025
  • देवभूमि को ‘खेल भूमि’ बनाने की दिशा में उत्तराखंड तेज़ी से आगे बढ़ रहा है December 20, 2025
  • देहरादून में 9 दिवसीय भव्य सहकारिता मेला December 19, 2025
  • कैरियर काउंसलिंग से संवर रहा बालिकाओं का भविष्य December 19, 2025
  • अल्पसंख्यक अधिकार दिवस पर पौड़ी में विधिक जागरुकता शिविर आयोजित December 19, 2025
  • अफसर बिटिया कार्यक्रम के माध्यम से छात्राओं में आत्मविश्वास व नेतृत्व क्षमता का संचार December 18, 2025
  • दून किंग राइडर ने दून सुपर किंग पराजित कर खिताब जीता December 18, 2025
  • बेटी अंशिका की शिक्षा भार वहन करेगा जिला प्रशासन एवं संस्थान December 18, 2025
  • दूरस्थ ग्राम क्वांसी में जिला प्रशासन ने सुनी जन समस्याएं, December 17, 2025
  • पौड़ी बाजार में औषधि दुकानों का औचक निरीक्षण December 17, 2025
  • देहलचौरी में स्कूल बैग वितरण कार्यक्रम December 16, 2025
  • 26 से 28 फरवरी तक बिलखेत में होगा भव्य नयार घाटी साहसिक महोत्सव–2026 December 16, 2025
  • विजय दिवस पर शहीद स्मारक में पुष्पचक्र अर्पित कर वीर बलिदानियों को दी श्रद्धांजलि December 16, 2025
  • वन्य जीव सक्रियता के बीच बच्चों की सुरक्षा हेतु बड़ा कदम December 15, 2025
  • लंबित ऋण प्रकरणों पर तेजी लाएं बैंकर्स: सीडीओ December 15, 2025
  • भूकंप जोखिम न्यूनीकरण की दिशा में बड़ा कदम, भूदेव एप का प्रभावी क्रियान्वयन December 15, 2025
  • पब्लिक रिलेशन सोसाइटी ऑफ इंडिया राष्ट्रीय अधिवेशन December 15, 2025
  • डीएम की अध्यक्षता में 17 दिसंबर को ग्राम क्वासी में बहुउद्देशीय शिविर December 15, 2025
© 2021 All Rights Reserved. Raath Samachar